Rajeev Verma
दुनिया तुम्हें कहेगी –
“तुम काबिल नहीं हो…”
तुम मुस्कुराकर कहना –
“वक़्त बताएगा…!”
लोग तो आज भी चाँद में दाग ढूँढ लेते हैं,
फिर तुम्हारी कोशिशों को कैसे सराहा जाएगा!
जो रास्ते तुमने चुने हैं, वो तुम्हारे हैं,
जो मंज़िल है, वही तुम्हें आगे बढ़ाएगा।
कल तक जो कहते थे—
“तुमसे नहीं हो पाएगा,”
वहीं लोग तालियाँ बजाएँगे,
जब वक़्त एक दिन करवट बदल जाएगा।
सपनों की लौ जलती रहे तो राहें बनती हैं,
हिम्मत की ज़मीन पर ही सफलता उगती है।
तुम गिरो तो दुनिया हँसेगी, यह तय है,
पर तुम उठो—तो उसकी हँसी भी रुकती है।
कहने दो उन्हें—
“तुममें हुनर नहीं, दम नहीं!”
दिल तो तुम्हारा जानता है,
की तुममें कोई कमी नहीं।
तुम बस चलते रहो उस दिशा में
जहाँ दिल तुम्हें बुलाता है।
सफ़र लंबा हो तो क्या हुआ,
जो सच्चा हो—वह एक दिन फल लाता है।
दुनिया अक्सर वही देखती है
जो आँखों के सामने चमकता है,
पर तुम वो सितारा बनना,
जो अँधेरों में भी दमकता है।
कठिनाइयों से मत घबराना,
ये ही तुम्हें मजबूत बनाएगी।
जिस दिन तुम अपनी पहचान बनाओगे—
दुनिया खुद तुम्हारी कहानी दोहराएगी।
तो जब कोई कहे—
“तुम काबिल नहीं हो…”
तुम एक हल्की मुस्कान देना,
और कहना—
“अभी नहीं…
पर वक़्त बताएगा!”